Hindi Poetry

Hindi Poetry

Faiz Ahmed Faiz – Sare vaadi ae seena

सरे-वादी-ए-सीना (अरब-इसराईल जंग, सन १९६७, के बाद) (१) फिर बर्क फ़रोज़ां है सरे-वादी-ए-सीना फिर रंग पे है शोला-ए-रुख़सारे-हकीकत पैग़ामे-अज़ल, दावते-दीदारे-हकीकत

Read More